बटुआ तुम्हारा ही बढ़ाता है शान, इससे ही है मेरा अभिमान। बटुआ तुम्हारा ही बढ़ाता है शान, इससे ही है मेरा अभिमान।
बहुत मनाया घर वालों ने, फिर खाना किया पसंद। बहुत मनाया घर वालों ने, फिर खाना किया पसंद।
भूल कर बात पुरानी आओ कुछ नया करें। भूल कर बात पुरानी आओ कुछ नया करें।
वो पुरानी बातों को फिर क्या दोहराना जो जुबा पर है उसे कैसे छिपाया जाए। वो पुरानी बातों को फिर क्या दोहराना जो जुबा पर है उसे कैसे छिपाया जाए।
फिर आज स्वतंत्रता की कहानी याद आ गई फिर आज स्वतंत्रता की कहानी याद आ गई
बाकी दुनिया अनजानी थी ना प्यार मोहब्बत की बातें थी ना ही घंटो मुलाकातें थी, बाकी दुनिया अनजानी थी ना प्यार मोहब्बत की बातें थी ना ही घंटो मुलाकातें थी,